ग्रीन क्लाइमेट रेजिलिएंस फंड से हरित विकास को बढ़ावा, हरियाणा सरकार की नई पहल

 चंडीगढ़  हरियाणा के वन एवं पर्यावरण मंत्री राव नरबीर सिंह ने कहा कि हरियाणा सरकार पर्यावरण संरक्षण, हरित ऊर्जा और स्वच्छ परिवहन को बढ़ावा देने के लिए प्रभावी कदम उठा रही है। उन्होंने नई दिल्ली स्थित भारत मंडपम में विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में 1000 इलेक्ट्रिक वाहनों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। राज्य सरकार द्वारा प्रस्तावित 100 करोड़ रुपये का ग्रीन क्लाइमेट रेजिलिएंस फंड हरियाणा में शून्य-उत्सर्जन वाहनों, नवीकरणीय ऊर्जा, ऊर्जा दक्षता, जल संरक्षण, शहरी हरितीकरण, जलवायु-अनुकूल कृषि और प्रकृति-आधारित समाधानों को प्रोत्साहित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। मंत्री ने कहा कि निजी क्षेत्र की

Wrriten By :

Editor

Published On :

जून 6, 2026

Advertisements
728x90 Uttar Pradesh Police Mission Shakti Digital.jpg

 चंडीगढ़

 हरियाणा के वन एवं पर्यावरण मंत्री राव नरबीर सिंह ने कहा कि हरियाणा सरकार पर्यावरण संरक्षण, हरित ऊर्जा और स्वच्छ परिवहन को बढ़ावा देने के लिए प्रभावी कदम उठा रही है। उन्होंने नई दिल्ली स्थित भारत मंडपम में विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में 1000 इलेक्ट्रिक वाहनों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।

राज्य सरकार द्वारा प्रस्तावित 100 करोड़ रुपये का ग्रीन क्लाइमेट रेजिलिएंस फंड हरियाणा में शून्य-उत्सर्जन वाहनों, नवीकरणीय ऊर्जा, ऊर्जा दक्षता, जल संरक्षण, शहरी हरितीकरण, जलवायु-अनुकूल कृषि और प्रकृति-आधारित समाधानों को प्रोत्साहित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। मंत्री ने कहा कि निजी क्षेत्र की भागीदारी वायु प्रदूषण की चुनौती से निपटने और पर्यावरण संरक्षण के लक्ष्य को हासिल करने में महत्वपूर्ण होगी।

राव नरबीर ने बताया कि राज्य सरकार इलेक्ट्रिक मोबिलिटी को बढ़ावा देने के लिए चार्जिंग इन्फ्रास्ट्रक्चर का तेजी से विस्तार कर रही है। रेवाड़ी और पंचकूला में हरियाणा परिवहन के लिए अत्याधुनिक इलेक्ट्रिक बस चार्जिंग डिपो स्थापित किए जा रहे हैं, जबकि राष्ट्रीय राजमार्गों पर भी इलेक्ट्रिक वाहनों के लिए चार्जिंग स्टेशन विकसित किए गए हैं।

कैबिनेट मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री के ''विकसित भारत-2047'' के विजन को साकार करने में हरियाणा अग्रणी भूमिका निभाने के लिए तैयार है। विश्व पर्यावरण दिवस पर प्रदेशभर में हुए कार्यक्रमों और ''एक पेड़ मां के नाम'' अभियान में व्यापक जनभागीदारी ने यह स्पष्ट किया है कि हरियाणा अब केवल विकास की नहीं, बल्कि हरित और सतत विकास की राह पर तेजी से आगे बढ़ रहा है।

2