Budget Session 2026: संसद के बजट सत्र का आज 11वां दिन रहा और सदन में बजट पर व्यापक चर्चा हुई। लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने सरकार की नीतियों पर तीखा हमला बोला। उनके भाषण के दौरान सदन की कार्यवाही की अध्यक्षता जगदंबिका पाल कर रहे थे। विपक्ष और सत्ता पक्ष के बीच पहले से जारी तनातनी के बीच राहुल का भाषण काफी चर्चा में रहा। उनके संबोधन के दौरान कई बार शोर-शराबा भी हुआ, विशेष रूप से तब जब उन्होंने “एपस्टीन” शब्द का उल्लेख किया।
मार्शल आर्ट की ‘ग्रिप’ से की भाषण की शुरुआत
राहुल गांधी ने अपने संबोधन की शुरुआत एक अलग अंदाज में की। उन्होंने मार्शल आर्ट में ‘ग्रिप’ और ‘चोक’ के महत्व का जिक्र करते हुए कहा कि जैसे खेल में पकड़ अहम होती है, वैसे ही राजनीति में भी एक अदृश्य पकड़ होती है। उन्होंने कहा कि राजनीति की यह ‘ग्रिप’ दिखाई नहीं देती, लेकिन वही असली ताकत होती है। इस उदाहरण के जरिए उन्होंने संकेत दिया कि सत्ता की पकड़ आम जनता को समझ नहीं आती, पर उसका असर गहरा होता है।
भारत-अमेरिका ट्रेड डील पर गंभीर आरोप
राहुल गांधी ने भारत-अमेरिका व्यापार समझौते को लेकर सरकार पर सीधा हमला बोला। उन्होंने कहा कि यह समझौता बराबरी के आधार पर नहीं किया गया और इससे देश के किसानों के हितों को नुकसान पहुंचा है। उनके अनुसार, भारतीय वस्तुओं पर औसतन तीन प्रतिशत टैरिफ को बढ़ाकर 18 प्रतिशत कर दिया गया है, जबकि अमेरिकी उत्पादों पर टैरिफ शून्य कर दिया गया है। उन्होंने आरोप लगाया कि यह फैसला भारतीय किसानों और छोटे व्यापारियों के साथ अन्याय है। राहुल ने यह भी कहा कि अमेरिका ने बांग्लादेशी कपड़ों पर टैरिफ शून्य कर दिया है, जिससे भारतीय उद्योग प्रभावित होगा।
अनिल अंबानी और ‘एपस्टीन’ का मुद्दा
अपने भाषण में राहुल गांधी ने उद्योगपति अनिल अंबानी का नाम लेते हुए सवाल उठाया कि वे जेल में क्यों नहीं हैं। उन्होंने दावा किया कि उनका नाम तथाकथित ‘एपस्टीन फाइल्स’ में है और इसी वजह से उनके खिलाफ कार्रवाई नहीं हो रही। इस बयान के बाद सदन में भारी हंगामा देखने को मिला। सत्ता पक्ष के सदस्यों ने इस टिप्पणी का कड़ा विरोध किया, जिससे कार्यवाही कुछ समय के लिए बाधित हुई।
डेटा और AI को बताया भविष्य की असली ताकत
राहुल गांधी ने वैश्विक परिदृश्य का जिक्र करते हुए कहा कि आज दुनिया अस्थिरता के दौर से गुजर रही है और हम युद्ध जैसे माहौल में प्रवेश कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि अमेरिका और चीन के बीच प्रतिस्पर्धा में भारतीय डेटा सबसे कीमती संसाधन है। उनके अनुसार, भारत की सबसे बड़ी ताकत उसकी जनसंख्या और उसका डेटा है। उन्होंने चेतावनी दी कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के कारण हजारों सॉफ्टवेयर इंजीनियरों की नौकरियां खतरे में पड़ सकती हैं, लेकिन बजट में इस चुनौती से निपटने की कोई स्पष्ट योजना नहीं दिखाई देती।
रचनात्मक स्वतंत्रता की मांग और सदन में हंगामा
राहुल गांधी ने कहा कि उन्हें सदन में रचनात्मक स्वतंत्रता मिलनी चाहिए। उन्होंने उल्लेख किया कि उन्हें पहले पूर्व सेना प्रमुख जनरल एमएम नरवणे की अप्रकाशित यादों का हवाला देने की अनुमति नहीं दी गई थी। उनके इस बयान के बीच विपक्ष और सत्ता पक्ष के बीच तीखी नोकझोंक हुई। संसद परिसर के बाहर भी विपक्षी सांसदों का प्रदर्शन जारी रहा।
कांग्रेस पर गाली-गलौज के आरोप
दूसरी ओर, संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कांग्रेस सांसदों पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि कांग्रेस के कुछ सांसद स्पीकर के चेंबर में घुस गए और वहां अभद्र भाषा का इस्तेमाल किया। रिजिजू के अनुसार, वरिष्ठ कांग्रेस नेता अपने सांसदों को उकसा रहे थे। उन्होंने दावा किया कि स्पीकर इस व्यवहार से आहत हुए हैं। इस आरोप-प्रत्यारोप के बीच बजट सत्र का माहौल और अधिक तनावपूर्ण हो गया है।









