Haryana Municipal Election 2026: हरियाणा निकाय चुनाव के लिए सुपरवाइजर तैनात, 48 घंटे में दूर होगी हर चुनावी शिकायत!

हरियाणा में 10 मई को होने वाले नगर निकाय चुनावों के लिए राज्य निर्वाचन आयोग ने सुरक्षा और निगरानी का कड़ा घेरा तैयार कर लिया है।

Wrriten By :

Nivedita Kasaudhan

Published On :

अप्रैल 22, 2026

Advertisements
728x90 Uttar Pradesh Police Mission Shakti Digital.jpg

Haryana Municipal Election 2026: हरियाणा में 10 मई को होने वाले नगर निकाय चुनावों को शांतिपूर्ण, निष्पक्ष और पारदर्शी बनाने के लिए राज्य निर्वाचन आयोग ने व्यापक तैयारियां पूरी कर ली हैं। चुनाव प्रक्रिया को मजबूत बनाने के लिए आयोग ने सात प्रमुख शहरी निकायों में सामान्य, पुलिस और व्यय पर्यवेक्षकों के साथ-साथ शिकायत नोडल अधिकारियों की नियुक्ति की है।

राज्य निर्वाचन आयोग के सचिव गौरव कुमार ने जानकारी देते हुए बताया कि इन चुनावों के लिए मल्टी-लेयर निगरानी व्यवस्था लागू की गई है, जिससे चुनावी गतिविधियों पर कड़ी नजर रखी जा सके।

Haryana Home Stay Policy: गांवों को पर्यटन हब बनाने की तैयारी, 5000 करोड़ के वैश्विक बाजार पर सरकार की नजर

किन-किन शहरों में तैनात किए गए अधिकारी

इस व्यवस्था के तहत अंबाला, पंचकूला, सोनीपत और रेवाड़ी नगर परिषद के अलावा उकलाना, सांपला और धारूहेड़ा नगर समितियों में अधिकारियों की नियुक्ति की गई है। इन क्षेत्रों में प्रशासनिक निगरानी को मजबूत करने के लिए आईएएस और एचसीएस अधिकारियों को सामान्य पर्यवेक्षक, आईपीएस अधिकारियों को पुलिस पर्यवेक्षक और कराधान विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों को व्यय पर्यवेक्षक बनाया गया है।

अंबाला में त्रिस्तरीय निगरानी

अंबाला नगर निगम में संजीव वर्मा को सामान्य पर्यवेक्षक, ओमप्रकाश को पुलिस पर्यवेक्षक और जितेंद्र डूडी को व्यय पर्यवेक्षक की जिम्मेदारी सौंपी गई है। वहीं शिकायतों के समाधान के लिए अभिषेक गर्ग, मनीष घाघट और सौरभ गोयल को नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है।

सोनीपत और पंचकूला में सख्त निगरानी

सोनीपत में वैशाली सिंह सामान्य पर्यवेक्षक, राजेंद्र कुमार मीणा पुलिस पर्यवेक्षक और अरविंद व्यय पर्यवेक्षक के रूप में कार्य करेंगे। वहीं सुशील शर्मा शिकायत नोडल अधिकारी होंगे। पंचकूला में डी. सुरेश को सामान्य पर्यवेक्षक, अभिषेक जोरवाल को पुलिस पर्यवेक्षक और हरवीर सिंह चौहान को व्यय पर्यवेक्षक नियुक्त किया गया है। यहां सुखदेव सिंह शिकायत नोडल अधिकारी की भूमिका निभाएंगे।

रेवाड़ी और धारूहेड़ा में संयुक्त व्यवस्था

रेवाड़ी नगर परिषद में जग निवास, सुरेंद्र पाल सिंह और प्रीति चौधरी क्रमशः सामान्य, पुलिस और व्यय पर्यवेक्षक के रूप में तैनात किए गए हैं। शिकायत निवारण के लिए जितेंद्र कुमार को जिम्मेदारी दी गई है। धारूहेड़ा नगर पालिका में तरुण कुमार पवारिया और संगीता कालिया को सामान्य और पुलिस पर्यवेक्षक बनाया गया है, जबकि प्रीति चौधरी यहां भी व्यय पर्यवेक्षक रहेंगी।

उकलाना और सांपला में भी सख्ती

उकलाना में उत्सव आनंद सामान्य पर्यवेक्षक, ममता खरब पुलिस पर्यवेक्षक और अजय सिहाग व्यय पर्यवेक्षक होंगे। वहीं धर्मेंद्र को शिकायत नोडल अधिकारी बनाया गया है। सांपला में नरेंद्र कुमार सामान्य पर्यवेक्षक, फैसल खान पुलिस पर्यवेक्षक और हनीश गुप्ता व्यय पर्यवेक्षक होंगे। शिकायतों के लिए जोगेंद्र मोर को नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है।

48 घंटे में शिकायतों का निपटारा अनिवार्य

निर्वाचन आयोग ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि चुनाव से जुड़ी हर शिकायत—चाहे वह आचार संहिता उल्लंघन से संबंधित हो या प्रशासनिक—का निपटारा 48 घंटे के भीतर किया जाए। मुख्यालय स्तर पर अंजु अरोड़ा को केंद्रीय शिकायत नोडल अधिकारी बनाया गया है, जो पूरे राज्य में शिकायतों की निगरानी करेंगी।

पारदर्शिता और जवाबदेही पर जोर

आयोग ने यह भी सुनिश्चित किया है कि हर नोडल अधिकारी के तहत एक शिकायत निवारण प्रकोष्ठ बनाया जाए, जहां सभी शिकायतों का रिकॉर्ड रखा जाएगा। नियमित मॉनिटरिंग के जरिए यह देखा जाएगा कि हर शिकायत का समय पर समाधान हो। निर्वाचन आयोग का लक्ष्य इस बार चुनाव को केवल संपन्न कराना नहीं, बल्कि उसे पारदर्शिता, निष्पक्षता और जवाबदेही का आदर्श मॉडल बनाना है। किसी भी स्तर पर लापरवाही पाए जाने पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई है।

Haryana News: जजपा प्रवक्ता को गन प्वाइंट पर उठाने का आरोप, CIA-2 इंचार्ज पर कार्रवाई की मांग

2