BJP President: भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के संगठनात्मक ढांचे में एक बड़ा बदलाव हुआ है। वरिष्ठ नेता नितिन नबीन को औपचारिक रूप से भाजपा का नया राष्ट्रीय अध्यक्ष नियुक्त किया गया है। इस ऐतिहासिक अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने न केवल उन्हें बधाई दी, बल्कि पार्टी के गौरवशाली इतिहास और भविष्य के लक्ष्यों पर भी विस्तार से चर्चा की।
शून्य से शिखर तक का सफर
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नितिन नबीन का स्वागत करते हुए उन्हें ‘नवीन अध्यक्ष’ की संज्ञा दी। अपने संबोधन में पीएम ने याद दिलाया कि भाजपा आज जिस मुकाम पर है, वहां तक पहुंचने के लिए कार्यकर्ताओं ने दशकों तक संघर्ष किया है। उन्होंने कहा कि पार्टी ने ‘शून्य से शुरू होकर शिखर’ तक का सफर तय किया है। पीएम ने जनसंघ की स्थापना के 75 वर्षों का उल्लेख करते हुए कहा कि उसी मजबूत वैचारिक आधारशिला पर आज की भाजपा खड़ी है।
दिग्गज नेतृत्व की विरासत और संगठन का विस्तार
पीएम मोदी ने पार्टी के उन पूर्व अध्यक्षों को नमन किया जिन्होंने संगठन को सींचा है। उन्होंने अटल बिहारी वाजपेयी, लालकृष्ण आडवाणी और मुरली मनोहर जोशी के योगदान को याद किया। उन्होंने बताया कि कैसे वेंकैया नायडू और नितिन गडकरी के समय में संगठन का फैलाव हुआ, राजनाथ सिंह के काल में पूर्ण बहुमत की सरकार बनी और अमित शाह के नेतृत्व में पार्टी ने चुनावी राजनीति के नए कीर्तिमान स्थापित किए। जेपी नड्डा के कार्यकाल की प्रशंसा करते हुए पीएम ने कहा कि उनके समय में पार्टी पंचायत से लेकर संसद तक सबसे शक्तिशाली बनकर उभरी है।
“नितिन नबीन अब मेरे बॉस हैं”
एक भावुक और प्रेरक क्षण तब आया जब प्रधानमंत्री ने खुद को सबसे पहले पार्टी का एक ‘कार्यकर्ता’ बताया। उन्होंने बड़े गर्व से कहा, “नितिन नबीन अब सिर्फ मेरे अध्यक्ष नहीं, बल्कि मेरे बॉस हैं।” पीएम ने स्पष्ट किया कि नबीन की जिम्मेदारी केवल भाजपा के भीतर ही नहीं है, बल्कि एनडीए (NDA) के सहयोगी दलों के साथ सामंजस्य और तालमेल बिठाने में भी उनकी भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण होगी। यह बयान पार्टी के भीतर अनुशासन और लोकतांत्रिक मूल्यों को दर्शाता है।
अनुभवी व्यक्तित्व और ‘विकसित भारत’ का संकल्प
प्रधानमंत्री ने नितिन नबीन के व्यक्तित्व की सादगी और व्यावहारिकता की सराहना की। उन्होंने कहा कि नबीन उस पीढ़ी का प्रतिनिधित्व करते हैं जिसने देश में बड़े आर्थिक और तकनीकी बदलावों को करीब से देखा है। पीएम मोदी के अनुसार, अगले 25 वर्ष भारत के लिए ‘अमृत काल’ हैं और इस दौरान ‘विकसित भारत’ के निर्माण में भाजपा की भूमिका ऐतिहासिक होगी। उन्होंने भरोसा जताया कि नबीन का अनुभव भविष्य की चुनौतियों से निपटने में सक्षम है।
भाजपा की कार्यसंस्कृति पर दिया जोर
अंत में, प्रधानमंत्री ने भाजपा की कार्यसंस्कृति पर जोर देते हुए कहा कि यह केवल एक दल नहीं, बल्कि एक परिवार है। उन्होंने स्पष्ट किया कि भाजपा में अध्यक्ष बदल सकते हैं, लेकिन पार्टी के आदर्श और दिशा सदैव अटल रहते हैं। उन्होंने कहा कि भाजपा की जड़ें जमीन में इतनी गहरी हैं कि वह हर राजनीतिक दौर में मजबूती से खड़ी रहती है। सदस्यता से ज्यादा यहाँ ‘रिश्तों’ का महत्व है, जो इसे अन्य दलों से अलग बनाता है।
Sabarimala Gold Theft Case: सबरीमाला सोना चोरी मामले में ED की सख्त कार्रवाई, 21 जगहों पर रेड










