West Bengal Elections 2026: पश्चिम बंगाल में होने जा रहे आगामी दो चरणों के विधानसभा चुनाव को लेकर देश के सियासी गलियारे का तापमान चरम पर पहुंच चुका है। राजनीतिक दलों के बीच तीखी बयानबाजी और जुबानी जंग का सिलसिला तेज हो गया है। एक तरफ जहां भारतीय जनता पार्टी (BJP) इस बार बंगाल में पूर्ण बहुमत के साथ ऐतिहासिक जीत का दावा ठोक रही है, वहीं दूसरी तरफ बिहार के पूर्णिया से निर्दलीय सांसद पप्पू यादव ने बीजेपी की उम्मीदों पर तीखा प्रहार किया है। उन्होंने कहा है कि 100 जन्म लेने पर भी भाजपा वहां सत्ता हासिल नहीं कर सकती।
पप्पू यादव ने ममता बनर्जी को बताया ‘सुपर टाइगर’ और ‘शेरनी’
गुरुवार (2 अप्रैल, 2026) को समाचार एजेंसी से विशेष बातचीत के दौरान सांसद पप्पू यादव ने पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की जमकर तारीफ की। उन्होंने ममता बनर्जी को ‘सुपर टाइगर’ और ‘शेरनी’ की उपाधि देते हुए कहा, “बंगाल की समृद्ध संस्कृति की रक्षा करने वाली और बांग्ला भाषा की बुलंद आवाज उठाने वाली एक ही शेरनी है, जो आधुनिक दौर की झांसी की रानी हैं— ममता दीदी।” पप्पू यादव ने आगे जोर देते हुए कहा कि पूरा बंगाल और वहां का बंगाली सेंटीमेंट पूरी तरह से अपनी दीदी के साथ मजबूती से खड़ा है।
उत्तर भारत की राजनीति और बंगाली कल्चर
अपने तीखे हमले को जारी रखते हुए पप्पू यादव ने चुनावी राज्य में भाजपा की विचारधारा पर गंभीर सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि बीजेपी हमेशा से ही बंगाली कल्चर, बंगाली संस्कृति और वहां की प्राचीन सभ्यता के खिलाफ रही है। सांसद ने पूर्वोत्तर राज्यों का जिक्र करते हुए कहा कि भारतीय जनता पार्टी पूरे नॉर्थ-ईस्ट में सिर्फ एक सुनियोजित साजिश के तहत असम का चुनाव जीती थी। उन्होंने दावा किया कि जमीनी स्तर पर बीजेपी कहीं भी अपने दम पर जीतने की स्थिति में नहीं होती है। उन्होंने कड़े लहजे में कहा कि बंगाल की जागरूक जनता 100 जन्मों में भी कमल के फूल को स्वीकार नहीं करेगी।
पप्पू यादव के तीखे वार पर बीजेपी का करारा पलटवार
पप्पू यादव के इस बेहद विवादित और तीखे बयान पर सत्ताधारी दल ने भी फौरन कड़ा एतराज जताया है। बीजेपी के आधिकारिक प्रवक्ता प्रभाकर मिश्रा ने पलटवार करते हुए कहा कि पप्पू यादव आजकल अपनी प्रासंगिकता बचाने के लिए ‘सुपर टाइगर’ और ‘शेरनी’ जैसे फिल्मी जुमलों की घटिया राजनीति पर उतर आए हैं। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि आज की जागरूक जनता इन खोखले जुमलों और झूठी तारीफों से कतई प्रभावित होने वाली नहीं है।
राजनीतिक जनाधार और व्यक्तिगत साख का सवाल
बीजेपी प्रवक्ता ने पप्पू यादव की राजनीतिक जमीन पर निशाना साधते हुए कहा कि कड़वा सच तो यह है कि जिनके पास खुद का कोई मजबूत जनाधार या वजूद नहीं होता है, वे इसी तरह दूसरों के मजबूत कंधों का सहारा लेकर अपनी राजनीति चमकाने की कोशिश करते हैं। प्रभाकर मिश्रा ने आगे कहा कि बीजेपी को लेकर पप्पू यादव द्वारा की गई टिप्पणी पूरी तरह से हास्यास्पद और बेबुनियाद है, क्योंकि देश की जनता लगातार हर चुनाव में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भाजपा की नीतियों पर अटूट भरोसा जता रही है। उन्होंने अंत में कहा कि पप्पू यादव का यह बयान केवल मीडिया की सुर्खियों में बने रहने का एक नाकाम हथकंडा मात्र है।










