Andaman Sea Natural Gas : अंडमान सागर में मिला प्राकृतिक गैस का विशाल भंडार, देश की ऊर्जा सुरक्षा होगी मजबूत

भारत के अंडमान सागर में प्राकृतिक गैस का एक अभूतपूर्व और विशाल भंडार मिला है; विशेषज्ञों का मानना है कि यह ऐतिहासिक खोज देश की ऊर्जा जरूरतों को पूरी तरह बदल कर रख देगी, लेकिन क्या यह भारत को अरब देशों और महंगे आयात पर निर्भरता से हमेशा के लिए आजादी दिला पाएगी?

Andaman Sea Natural Gas

Wrriten By :

Chandan Das

Published On :

जून 6, 2026

Andaman Sea Natural Gas :  भारत को ऊर्जा आत्मनिर्भरता की दिशा में एक बहुत बड़ी और ऐतिहासिक खुशखबरी मिली है। अंडमान सागर के गहरे पानी में प्राकृतिक गैस का एक विशाल भंडार खोजा गया है। यह खोज देश की विदेशी ईंधन आयात पर निर्भरता को कम करने और घरेलू ऊर्जा सुरक्षा को सुनिश्चित करने में अत्यंत महत्वपूर्ण साबित हो सकती है। केंद्रीय पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने देश को इस क्रांतिकारी और रणनीतिक सफलता की जानकारी दी। गैस का यह नया भंडार ‘श्री विजयपुरम-3’ नामक एक एक्सप्लोरेशन वेल (अन्वेषण कुएं) में मिला है, जो अंडमान द्वीप समूह के पूर्वी तट से लगभग 15 किलोमीटर दूर और 355 मीटर गहरे समंदर में स्थित है।

केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने ट्वीट कर जताई प्रसन्नता

केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर इस शानदार कामयाबी को साझा करते हुए लिखा, “अंडमान सागर में ऊर्जा के अवसरों का एक नया समंदर! ऑयल इंडिया लिमिटेड (Oil India Ltd) द्वारा ड्रिल किए गए श्री विजयपुरम-3 एक्सप्लोरेशन वेल में प्राकृतिक गैस की प्रचुर मौजूदगी की सूचना देते हुए मुझे अत्यंत हर्ष हो रहा है।” इस कुएं को समुद्र के भीतर ईओसीन फॉर्मेशन में 1,900 मीटर से भी अधिक गहराई तक ड्रिल किया गया है। शुरुआती उत्पादन परीक्षण के दौरान वहां लगातार हुई फ्लेयरिंग (गैस जलने की प्रक्रिया) ने बड़े पैमाने पर प्राकृतिक गैस की उपस्थिति के पुख्ता संकेत दिए हैं।

ऑयल इंडिया लिमिटेड कर रही है गैस की गुणवत्ता का अध्ययन

इस बड़ी खोज के बाद ऑयल इंडिया लिमिटेड (OIL) के वैज्ञानिक और विशेषज्ञ पूरी सक्रियता से काम में जुट गए हैं। कंपनी वर्तमान में गैस के रासायनिक संगठन और उसके कैलोरीमैट्रिक मूल्य (ऊर्जा क्षमता) का सटीक आकलन करने के लिए बड़े पैमाने पर गैस सैंपलिंग कर रही है। इसके साथ ही, इस प्राकृतिक गैस की उत्पत्ति के मूल स्रोतों और भूगर्भीय इतिहास को बारीकी से समझने के लिए उन्नत आइसोटोप अध्ययन भी किया जा रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि इन शुरुआती जांचों के परिणाम आने के बाद इस पूरे क्षेत्र की वास्तविक व्यावसायिक क्षमता का सही अनुमान लगाया जा सकेगा।

प्रधानमंत्री मोदी के ‘समुद्र मंथन मिशन’ को मिली बड़ी सफलता

यह महत्वपूर्ण विकास सीधे तौर पर केंद्र सरकार के महत्वाकांक्षी ‘समुद्र मंथन मिशन’ (राष्ट्रीय गहरे पानी अन्वेषण मिशन) के अंतर्गत आता है। इस विशेष मिशन की घोषणा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 15 अगस्त 2025 को लाल किले से अपने स्वतंत्रता दिवस के भाषण के दौरान की थी। इस राष्ट्रीय मिशन का मुख्य उद्देश्य भारत के ऑफशोर बेसिन (तटीय क्षेत्रों) में गहरे और अत्यधिक गहरे पानी (अल्ट्रा-डीप वॉटर) में छिपे हाइड्रोकार्बन और गैस भंडारों की खोज को गति देना है। सरकार की इस दूरदर्शी नीति का असर अब धरातल पर दिखने लगा है।

तीन में से दो कुओं में हाइड्रोकार्बन की मौजूदगी के संकेत

ऑयल इंडिया लिमिटेड के अनुसार, इस अभियान के तहत अंडमान बेसिन में अब तक कुल तीन एक्सप्लोरेशन वेल ड्रिल किए गए हैं, जिनमें से दो कुओं में हाइड्रोकार्बन की सक्रिय मौजूदगी दर्ज की जा चुकी है। केंद्रीय मंत्री ने बताया कि प्रधानमंत्री मोदी द्वारा शुरू किए गए समुद्र मंथन मिशन के तहत हमारे ऑफशोर बेसिन में मौजूद सभी हाइड्रोकार्बन भंडारों का पूरी तरह दोहन करने के लिए भविष्य में कई और गहरे पानी के कुओं की ड्रिलिंग की योजना बनाई गई है। इसके लिए सरकार वैश्विक स्तर के गहरे पानी अन्वेषण विशेषज्ञों के साथ तालमेल बढ़ाकर आगे बढ़ने की तैयारी कर रही है।

भारत की ऊर्जा स्वावलंबन की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम

यह नई खोज भारत के लिए रणनीतिक और आर्थिक रूप से अत्यधिक महत्वपूर्ण है, क्योंकि वर्तमान में देश अपनी ऊर्जा आवश्यकताओं के लिए काफी हद तक विदेशी आयातों पर निर्भर रहता है। घरेलू स्तर पर प्राकृतिक गैस मिलने से भविष्य में ईंधन की कीमतों में आने वाले उतार-चढ़ाव और घरेलू उपभोक्ताओं पर पड़ने वाले भारी आर्थिक दबाव को कम किया जा सकेगा। हालांकि, इस कुएं से व्यावसायिक स्तर पर उत्पादन शुरू होने में अभी कुछ वर्षों का समय लग सकता है, लेकिन यह खोज निश्चित रूप से भारत को ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक मील का पत्थर साबित होगी।

Read More:  Cockroach Janta Party Protest: नीट धांधली को लेकर दिल्ली के जंतर-मंतर पर कॉक्रोज़ जनता पार्टी का हल्ला बोल, जानें दिशा-निर्देश